totke ! vashikaran totka ! tona totka उपाय लाभ अवश्य देते हैं
सृष्टि का नियम है कि रूप और प्रतिरूप हमेशा साथ-साथ चलते हैं अर्थात् इस समस्त सृष्टि में जो भी कुछ है, वह जोड़े में है, एकाकी नहीं है। इसलिये करोड़ों वर्षों के पश्चात् भी सृष्टि का अस्तित्व है और आने वाले करोड़ों वर्षों तक सृष्टि रहेगी। रूप और प्रतिरूप तथा जोड़े का तात्पर्य आप ऐसे समझ सकते हैं कि जैसे दिन और रात, सुख और दुःख, स्त्री और पुरुष, समस्या और समाधान। इसलिये आज कहीं किसी व्यक्ति को दुःख प्राप्त होता है तो उस दुःख को दूर करके सुख पाने के उपाय भी हैं।
अगर एक व्यक्ति किसी समस्या में आ गया है तो उससे निकलने का समाधान भी वहीं होता है। इसमें देखने वाली केवल यही बात है कि समस्यायें तो अपने आप आ जाती हैं जबकि समस्याओं को दूर करने के समाधान हमें तलाश करने पड़ते हैं। जो जितनी शीघ्रता से समाधान तलाश कर लेता है, उसकी समस्या भी उसी शीघ्रता से दूर हो जाती है। समाधान के रूप में अनेक ऐसे उपाय हैं जो हम ईश्वर के नाम पर करते हैं ताकि वह हमारे दुःखों को, और समस्याओं को दूर करे।
जब हम समस्त उपाय ईश्वर के नाम पर करते हैं तो इसमें किसी प्रकार का संदेह नहीं होना चाहिये कि उस उपाय का लाभ हमें नहीं मिलेगा किन्तु इसके साथ हमें कुछ बातों पर ध्यान भी देना होता है। यह ध्यान देने वाली बातें ही यह तय करती हैं कि जो उपाय हम कर रहे हैं, उसका लाभ हमें कब मिलेगा। चूंकि धन प्राप्ति सम्बन्धित अनेक प्रयोग आप करेंगे,
इसलिये इस बारे में कुछ आवश्यक बातों की जानकारी देना उचित होगा। आगे मैं वही बातें बता रहा हूं। मेरा विश्वास है कि अगर आपने इन पर गम्भीरता से ध्यान दिया तो जो उपाय आप करेंगे, उसका लाभ आपको अवश्य ही मिलेगा।